रफ़ीक़ अल-मुस्लिम
रफ़ीक़ अल-मुस्लिम अभी डाउनलोड करें!

इस्तिग़फ़ार

दुआओं का बाग़
1 मिनट का पाठ
1
اللَّهُمَّ أَنْتَ رَبِّي لَا إِلَٰهَ إِلَّا أَنْتَ، خَلَقْتَنِي وَأَنَا عَبْدُكَ، وَأَنَا عَلَىٰ عَهْدِكَ وَوَعْدِكَ مَا اسْتَطَعْتُ، أَعُوذُ بِكَ مِنْ شَرِّ مَا صَنَعْتُ، أَبُوءُ لَكَ بِنِعْمَتِكَ عَلَيَّ، وَأَبُوءُ لَكَ بِذَنْبِي فَاغْفِرْ لِي، فَإِنَّهُ لَا يَغْفِرُ الذُّنُوبَ إِلَّا أَنْتَ

अर्थऐ अल्लाह! तू मेरा रब है; तेरे सिवा कोई माबूद नहीं। तूने मुझे पैदा किया और मैं तेरा बंदा हूँ, और मैं अपनी ताक़त भर तेरे अहद और वादे पर क़ायम हूँ। मैंने जो कुछ किया उसकी बुराई से तेरी पनाह माँगता हूँ। मैं तेरे सामने अपने ऊपर तेरे एहसान का इक़रार करता हूँ, और अपने गुनाह का इक़रार करता हूँ, तो मुझे बख़्श दे, क्योंकि तेरे सिवा कोई गुनाहों को नहीं बख़्शता।

स्रोत:बुख़ारी — सय्यिदुल इस्तिग़फ़ार

2
أَسْتَغْفِرُ اللَّهَ الَّذِي لَا إِلَٰهَ إِلَّا هُوَ الْحَيُّ الْقَيُّومُ وَأَتُوبُ إِلَيْهِ

अर्थमैं अल्लाह से बख़्शिश माँगता हूँ, जिसके सिवा कोई माबूद नहीं, जो हमेशा ज़िंदा, सबको क़ायम रखने वाला है, और मैं तौबा करते हुए उसी की ओर रुजू करता हूँ।

स्रोत:तिर्मिज़ी और अबू दाऊद (हसन)

3
رَبِّ اغْفِرْ لِي وَتُبْ عَلَيَّ إِنَّكَ أَنْتَ التَّوَّابُ الرَّحِيمُ

अर्थऐ मेरे रब! मुझे बख़्श दे और मेरी तौबा क़बूल कर। बेशक तू ही तौबा क़बूल करने वाला, बहुत रहम करने वाला है।

स्रोत:तिर्मिज़ी और अबू दाऊद (सहीह)

4
رَبَّنَا آمَنَّا فَاغْفِرْ لَنَا وَارْحَمْنَا وَأَنْتَ خَيْرُ الرَّاحِمِينَ

अर्थऐ हमारे रब! हम ईमान ले आए, तो हमें बख़्श दे और हम पर रहम कर, और तू सबसे बेहतर रहम करने वाला है।

स्रोत:अल-मोमिनून 23:109

दुआओं का बाग़

1 मिनट का पाठ

मसनून दुआएँ

ऐ अल्लाह! मैं तुझसे हिदायत, तक़वा, पाकदामनी और बेनियाज़ी माँगता हूँ।

दुआओं का बाग़

2 मिनट का पाठ

सुबह और शाम की दुआएँ

हमने सुबह की और बादशाही अल्लाह ही की है। सारी तारीफ़ अल्लाह के लिए है। अल्लाह के सिवा कोई माबूद नहीं, वह अकेला है, उसका कोई शरीक नहीं; उसी की बादशाही है और उसी के लिए…

दुआओं का बाग़

1 मिनट का पाठ

इस्तिख़ारा की दुआ

ऐ अल्लाह! मैं तेरे इल्म के ज़रिए तुझसे भलाई की रहनुमाई चाहता हूँ और तेरी क़ुदरत के ज़रिए तुझसे ताक़त माँगता हूँ, और तुझसे तेरे बड़े फ़ज़्ल का सवाल करता हूँ।